Internet Banking क्या है और इसका इतेमाल कैसे करे

अगर आप एक इन्टरनेट user है तो आपको सिर्फ फेसबुक जैसी सोशल मीडिया का इस्तेमाल करना आता होगा लेकिन लेकिन आज के इस टाइम में इतना ही काफी नही है .सोशल मीडिया चलाना सिर्फ एक मनोरजन है लेकिन इन्टरनेट का इस्तेमाल अगर आप सिर्फ अपने मनोरजन केके लिए करते है तो बहुत बड़े बेवकूफ है .

इन्टरनेट से ऐसे ऐसे कम कर सकते है जिनके बारे में आप सोच भी नही सकते है.आजकल लोग इन्टरनेट से घर बैठे वो सरे काम कर रहे है जिनके लिए उन्हें किसी ऑफलाइन जगह पर जाना पड़ता था. और इतना ही नही लोग इन्टरनेट से पैसे तक कमा रहे है इतने पैसे की एक सरकारी नौकरी करने वाला भी सोच में पड़ जाता है .

इन सबके आलावा आप इन्टरनेट से बैंकिंग का कम भी कर सकते है .पहले पैसे निकलवाने और दुसरे के खाते में डालने के लिए बैंक में जाना पड़ता था लेकिन अब ऐसा नही है अब आप घर बैठे Upi के द्वारा पैसो का लेनदेन कर सकते है.

चलो इस चीज के बारे में तो आपको पता ही होगा लेकिन अब अगर मैं यह कहूँ की आप अपने बैंक खाते को घर बैठे मैनेज कर सकते हो तो ? जी हाँ आप ऐसा कर सकते हो .इस मेथड को बोला जाता है इन्टरनेट बैंकिंग सिस्टम .तो आईये जानते है की आखिर Internet Banking क्या है और इसका इतेमाल कैसे करे .

Internet Banking क्या है

इन्टरनेट बैंकिंग से आपको घर बैठे या फिर कहीं से भी बिना बैंक में जाये पैसो को आदान प्रदान करने की सुविधा मिलती है. आप इन्टरनेट बैंकिंग को webbanking या online banking भी बोल सकते हो.

वैसे अगर आप पैसो की लेन देन के लिए bank , रिचार्ज शॉप , बिजली बिल इन सब के चक्कर लगाये फिरते है या shoping करते समय पैसो को सम्भालने का डर आपको सताता है तो इन्तेव्र्नेट बैंकिंग आपको इन सारी चीजो से छुटकारा दिलाता है .

अगर आपको यात्रा करने का शौक है या आपको कही पर जाना होता है या फिर अपनी फॅमिली के किसी सदस्य को भेजना है तो इसके लिए आपको टिकिट की जरूरत पड़ेगी जिसके लिए आपको e-मित्र पर जाना होगा लेकिन इन्टरनेट बैंकिंग से आप घर बैठे कुछ ही मिनटों में टिकिट बुक कर सकते हो .

Internet banking कैसे चलता है या काम करता है

Internet banking के process में तीन व्यक्ति या यूँ कहें पक्ष काम करते है या शामिल होते है जिनमे पैसो का लेन देन होता है . इनमे पहला होता है Consumer और दूसरा होता है merchant और तीसरा होता है बैंक जो इन दोनों में बिच का काम करता है और पैसो का आदान प्रदान करता है .

और साथ ही बैंक यह भी चेक करता की पैसो का आदान प्रदान सही से हुवा की नही हुवा है. अगर हम बात करें पहले पक्ष या व्यक्ति की जो की है consumer ,तो इसी के द्वारा पैसो का transaction की शुरुआत करता है.दूसरा पक्ष जो की merchent है उसको पैसे लेने है या जिस पर आकर transaction पूरा होता है .

तीसरा पक्ष बैंक होता है जो की इन दोनों में पैसो का आदान प्रदान करता है .जब Consumer अपने अकाउंट से एक निश्चित अमाउंट को merchant के पास भेजने की request कटा है तो बैंक यह चेक करती है की consumer के खाते में उतना amount है या नही .अगर amount है तो process को आगे बढाती है नही तो वही request को रिजेक्ट कर देगी.

आगे की प्रोसस में बैंक merchent का अकाउंट डिटेल्स चेक करती है और सही डिटेल्स मिलने के बाद transaction  को कम्पलीट करती है .

Internet Banking को चालू कैसे करें

internet बैंकिंग को आप घर से चालू नही करा सकते है इसके लिए आपको आपकी बैंक की शाखा में जाना पड़ेगा जहाँ आपने अकाउंट ओपन करवाया था .और वहां पर पूछना है की उस बैंक में internet banking की सुविधा मिलेगी या नही .

अगर आपको मिल जाति है तो आपको एक फॉर्म भरना है जिसमे आपकी डिटेल्स और otp के लिए मोबाइल नंबर डालना है और सुम्बित कर देना है कुछ दिनों के बाद आपको आपकी internet banking के user और password मस्सगे के जरिये भेज दिए जायेंगे .

जिसके बाद आपको बैंक की ऑफिसियल नेट बैंकिंग वेबसाइट पर जाना है और id password डालना है और इसके बाद आप आसानी से नेट बैंकिंग का इस्तेमाल कर सकते हो .

Conclusion

उम्मीद करता हूँ इन्टरनेट बैंकिंग की यह जानकारी आपको पसंद आई होगी इसके अलावा अगर आपको कोई समस्या है तो आप हमें निचे कमेंट कर सकते है धन्यवाद

Leave a Comment